टिहरी: जिला विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा बादशाहीथौल में किया गया “नशा विरोधी इकाई” का गठन

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जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, टिहरी गढ़वाल द्वारा विधि विभाग, स्वामी रामतीर्थ परिसर, बादशाहीथौल, टिहरी गढ़वाल में किया गया “नशा विरोधी इकाई” का गठन

सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, टिहरी श्री अलोक राम त्रिपाठी द्वारा दिनांक 01 अप्रैल 2026 को विधि विभाग, स्वामी रामतीर्थ परिसर, बादशाहीथौल, टिहरी गढ़वाल में National Legal Services Authority (NALSA) की महत्वाकांक्षी योजना DAWN (Drug Awareness and Wellness Navigation for Drug-Free India) के तहत “नशा विरोधी इकाई (एंटी ड्रग यूनिट)” का विधिवत गठन किया गया। जिसका उद्देश्य समाज में बढ़ती नशे की प्रवृत्ति को रोकना तथा युवाओं को इसके दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करना है।
सचिव श्री त्रिपाठी द्वारा एंटी ड्रग यूनिट के गठनोपरांत उसके उद्देश्य, कार्यप्रणाली एवं प्रभावी क्रियान्वयन के संबंध में उपस्थित विधि विद्यार्थियों को विस्तृत जानकारी प्रदान की गई। उन्होंने बताया कि नशा विरोधी इकाई का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों एवं युवाओं को नशे के दुष्प्रभावों से बचाना तथा समाज में नशा उन्मूलन के प्रति व्यापक जागरूकता फैलाना है। यह यूनिट शिक्षण संस्थान स्तर पर एक सक्रिय जागरूकता एवं निगरानी समूह के रूप में कार्य करेगी, जिसमें छात्र-छात्राएं एवं शिक्षकगण महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे तथा विद्यार्थियों को नशे के दुष्परिणामों की जानकारी हेतु यूनिट के माध्यम से समय-समय पर जागरूकता कार्यक्रम, रैलियां, गोष्ठियां, निबंध एवं पोस्टर प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएंगी साथ ही विद्यालय परिसर में अनुशासन बनाए रखने, संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखने तथा आवश्यकतानुसार संबंधित अधिकारियों को सूचित करने में भी सहयोग करेगी।
कार्यक्रम के दौरान सचिव, श्री त्रिपाठी द्वारा अपने संबोधन में कहा कि नशा केवल व्यक्ति ही नहीं बल्कि पूरे समाज और परिवार को प्रभावित करता है। उन्होंने छात्रों एवं युवाओं से अपील की कि वे नशे से दूर रहें और अपने मित्रों, परिवार एवं समाज को भी इसके प्रति जागरूक करें। इस अवसर पर एंटी ड्रग यूनिट के गठन के साथ-साथ जागरूकता अभियान चलाने, परामर्श सेवाएं उपलब्ध कराने तथा जरूरतमंदों को कानूनी सहायता प्रदान करने पर भी जोर दिया गया। कार्यक्रम में विधि विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ० एस० के० चतुर्वेदी, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के रिटेनर अधिवक्ता श्री राजपाल सिंह मियां, छात्र-छात्राएं, विधि संकाय सदस्य एवं अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। सभी ने इस पहल का स्वागत करते हुए इसे नशा मुक्त भारत की दिशा में एक सार्थक प्रयास बताया।