टिहरी
बौराड़ी “बाल देखरेख संस्थान, SOS चिल्ड्रन विलेज” का किया गया निरीक्षण
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण टिहरी गढ़वाल श्री दयाराम द्वारा बाल देखरेख संसथान, SOS चिल्ड्रन विलेज बौराड़ी, टिहरी गढ़वाल में निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान पाया गया कि SOS चिल्ड्रन विलेज बौराड़ी, टिहरी गढ़वाल में बालक एवं बालिकाओ का पृथक-पृथक आवासीय भवन में देखभाल किया जाता है, वर्तमान में यहाँ 14 बालिका व 24 बालक कुल 38 बच्चे निवासरत हैं। संस्था के इंचार्ज श्री शशांक चतुर्वेदी द्वारा बताया गया कि जिला बाल कल्याण समिति से पूर्व आदेश प्राप्त होने पर विलेज ग्राम में 06 से 12 वर्ष तक की उम्र के बच्चों का प्रवेश लिया जाता है तथा बच्चे 21 वर्ष की उम्र तक संस्था की देखरेख में रहते हैं।
कमरों के निरीक्षण पर सभी कमरे, किचन एवं बाथरूम साफ-सुथरे पाये गये। बच्चों के कपड़े तौलिये आदि भी साफ-सुथरे पाये गये। इंचार्ज SOS चिल्ड्रन विलेज, श्री शशांक चतुर्वेदी द्वारा बताया गया कि प्रातः सभी बच्चों को नाश्ता कराया जाता है। सभी बच्चे नजदीकी विद्यालयों (शिशु मन्दिर एवं सरस्वती विद्या मन्दिर) में शिक्षण हेतु जाते हैं, विद्यालय से लौटने पर बच्चों को दोपहर का भोजन कराया जाता है। बच्चो के मनोरंजन हेतु टी.वी. व इनडोर गेम हेतु कैरम, लूडो, शतरंज आदि का प्रबन्ध है।
सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण टिहरी गढ़वाल, श्री दयाराम द्वारा कुछ बच्चो से एकांत में पृथक-पृथक वार्ता की गयी तथा उनसे संस्थान में किसी प्रकार के दुव्र्यवहार, मार-पीट, उत्तपीड़न आदि के बारे में जानकारी चाही गयी तो सभी बच्चो द्वारा किसी भी कर्मचारी या अधिकारी या शिक्षक द्वारा किसी भी प्रकार के दुर्व्यवहार से इन्कार किया गया।
उक्त निरीक्षण के दौरान जिला विधिक सेवा प्राधिकरण टिहरी गढ़वाल के रिटेनर अधिवक्ता श्री राजपाल सिंह मियां, SOS चिल्ड्रन विलेज बौराड़ी, टिहरी गढ़वाल के इंचार्ज श्री शशांक चतुर्वेदी, पैनल अधिवक्ता श्रीमती पवना एवं अधिकार मित्र श्रीमती रीता उपस्तिथ रहे।
